क्राईम स्टोरी न्यूज़ नई दिल्ली। मिजोरम के लुंगलेई स्थित जिला जेल से फर्जी कागज का इस्तेमाल कर 16 दोषियों के भागने का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार, पिछले 4 महीनों के दौरान इन 16 दोषियों ने कोर्ट के जाली दस्तावेजों का इस्तेमाल करके धोखाधड़ी से रिहा हो गए। मीडिया रिपोर्ट की माने तो यह धोखाधड़ी जनवरी में शुरू हुई थी और पिछले हफ्ते तक किसी भनक तक नहीं लगी। वहीं, जब कोर्ट अधिकारियों को कुछ रिहाइयों को मंजूरी देने वाले रिकॉर्ड नहीं मिले, तब इसका खुलासा हो सका। इसके बाद 25 अप्रैल को एक शिकायत दर्ज कराई गई। जिसके बाद पुलिस ने बताया कि 13 दोषियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, और दो अभी भी फरार हैं।वहीं, एक दोषी की रिहाई के बाद मौत हो चुकी हैं। इस मामले में जेल के अंदर और बाहर के लोगों की मिलीभगत से एक बड़ी साजिश होने का संदेह है। जेल अधिकारियों ने बताया कि, नकली आदेशों पर जाली मुहरें लगी थी और वे कोर्ट के निर्देशों से काफी मिलते-जुलते थे, जिससे उनकी पहचान करना मुश्किल हो गया था।शुरुआती जांच के नतीजों से पता चलता है कि 22 वर्षीय कैदी जेरेमिया लालथांगतुरा इस साजिश का मुख्य सरगना हो सकता है; माना जा रहा है कि उसने जेल के अंदर से ही बाहर के लोगों की मदद से इस पूरे ऑपरेशन को अंजाम दिया। फिलहाल, उससे पूछताछ जारी है।
